शुभ मुहूर्त

कार्य चुनिए, महीना चुनिए — उस अवधि के शुभ दिन और समय।

मुहूर्त कैसे चुना जाता है

हर कार्य के लिए शास्त्रों में अलग तिथियाँ, नक्षत्र और वार शुभ बताए गए हैं — जैसे गृह प्रवेश के लिए स्थिर नक्षत्र। इनके साथ रिक्ता तिथि, अमावस्या, भद्रा और अशुभ योग टाले जाते हैं, और विवाह के लिए गुरु-शुक्र का अस्त होना भी देखा जाता है।

अंतिम निर्णय से पहले

विवाह जैसे बड़े कार्य का मुहूर्त परिवार की कुंडलियाँ देखकर पक्का किया जाता है। यहाँ मिले दिनों को सूची की तरह लें, और पूजा बुक करते समय पंडित जी से पुष्टि करा लें।

गृह प्रवेश का मुहूर्त कैसे देखें?

कार्य में गृह प्रवेश चुनिए और महीना चुनिए। उस महीने के शुभ दिन दिखेंगे; फिर उसी दिन के लिए गृह प्रवेश पूजा बुक कर सकते हैं।

चातुर्मास में मुहूर्त क्यों नहीं मिलते?

देवशयनी से देवउठनी एकादशी तक के चातुर्मास में परंपरा में विवाह, गृह प्रवेश और भूमि पूजन नहीं किए जाते, इसलिए इन कार्यों के मुहूर्त इस दौरान नहीं दिखते।